गुब्बारे वाला और चतुर बच्चा – एक मजेदार हिंदी कहानी 🎈😄
एक मजेदार हिंदी कहानी : गर्मियों की एक दोपहर थी। गाँव के मेले में एक गुब्बारे वाला अपने रंग-बिरंगे गुब्बारे बेच रहा था। छोटे बच्चे उसके पास आकर गुब्बारे खरीद रहे थे और मजे कर रहे थे।
एक मजेदार हिंदी कहानी : गर्मियों की एक दोपहर थी। गाँव के मेले में एक गुब्बारे वाला अपने रंग-बिरंगे गुब्बारे बेच रहा था। छोटे बच्चे उसके पास आकर गुब्बारे खरीद रहे थे और मजे कर रहे थे।
यह कहानी हमें सिखाती है कि दया और करुणा केवल दूसरों की मदद ही नहीं करतीं, बल्कि किसी न किसी रूप में हमें भी उसका फल मिलता है। किसी पर उपकार करने से हम कभी गरीब नहीं होते, बल्कि हमारी आत्मा और ज्यादा समृद्ध हो जा
गर्मियों की दोपहर थी। एक हरा-भरा गांव, जहां खुली हवा, हरे-भरे खेत और तालाब के किनारे खेलते बच्चे खुशियों से भरे रहते थे। उसी गांव में मधु नाम का एक चंचल और नटखट लड़का रहता था।
एक समय की बात है, राजा वीरेंद्र नामक एक बहादुर राजा था जो अपनी प्रजा के लिए बहुत कुछ करने के इच्छुक थे। उनका राज्य बहुत समृद्ध और खुशहाल था, लेकिन एक चीज जो राजा वीरेंद्र को हमेशा परेशान करती थी
एक बार भगवान बुद्ध ने हिमालय के जंगलों में सफेद हाथी बोधीसत्व के रूप में जन्म लिया, लेकिन हाथियों के जिस झुंड में ये सफेद हाथी रहता था, वे लोग बहुत ही निदर्यी थे, वे मासूम लोगों की बेवजह हत्या कर देते थे।
कही एक इंजीनियर रहता था, जो नहर का कार्यभार संभालता था। वही आदेश देता था कि किस क्षेत्र में पानी देना है। वह बहुत ईमानदार था । एक बार एक किसान ने उसे 1000 रुपये एक लिफाफे में देते हुए कहा,
एक छोटे से शहर में, जहाँ हर दिल में बड़े सपने पलते थे, वहीं रहता था आर्यन नाम का एक नन्हा बच्चा। आर्यन का मन हमेशा ऊँचे-ऊँचे सपने देखने में लगा रहता था, पर रोजमर्रा की जिंदगी उसे छोटे-छोटे कदमों में बाँध लेती थी।