Games/Puzzles: तस्वीरों को मिलाएं
प्यारे नन्हे पाठकों आज हम आपके लिए एक और नयी दिमागी कसरत लेकर आये हैं। नीचे दिए गए चित्र में कुछ फल बने हुए हैं और दूसरी तरफ उन फलों की परछाई बानी हुई है। आप सभी को फलों की सही परछाइयों से मिलाना है।
प्यारे नन्हे पाठकों आज हम आपके लिए एक और नयी दिमागी कसरत लेकर आये हैं। नीचे दिए गए चित्र में कुछ फल बने हुए हैं और दूसरी तरफ उन फलों की परछाई बानी हुई है। आप सभी को फलों की सही परछाइयों से मिलाना है।
प्रिय नन्हे पाठकों नीचे दिया गया चित्र बिना रंगों के काफी सूना लग रहा है, आप सभी को इस चित्र का प्रिंटआउट निकलवाना है और फिर इस चित्र में अपने पसंद के रंगों को भरना है।
नन्हे पाठकों आज आप सभी के लिए एक नयी दिमागी कसरत ले कर आये हैं, नीचे दिए गए चित्र में एक तरफ कुछ जानवरों की तस्वीरें हैं, साथ ही दूसरी तरफ उन जानवरों की परछाईं हैं।
संडे का दिन था मोनू सुबह ही बीच पर जाने के लिए तैयार हो गया था, चूँकि बीच उसके नानी के घर से पास था इसलिए वह पैदल ही उधर निकल पड़ा जैसे ही वह बीच पर पहुंचा उसने देखा कि बच्चे वहां रेत के टीले बना रहे थे।
मोटू का जन्मदिन था, पतलू मोटू को उसके जन्मदिन पर सरप्राइज देना चाहता था। उस सरप्राइज के लिए पतलू ने मोटू को बिना बताये उसके जन्मदिन की सारी तैयारी कर दी। पूरे दिन तैयारी करने के बाद पतलू केक लेके आया।
त्योहारों का सीजन चल रहा था, दशहरा अभी बीता ही था। मोटू और पतलू दोनों ही घर पर बैठे बैठे बोर हो रहे थे कि तभी घर की डोर बेल बजी और पतलू ने जाकर देखा तो डॉ. झटका और घसीटा दोनों ही सामने खड़े थे।
एक दिन शेख चिल्ली को पता चला की पास के एक शहर में एक स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स खुला है जोकि गवर्नमेंट द्वारा खुलवाया गया है, और वहां कोई भी जाकर अपने पसंद का स्पोर्ट्स खेल सकता है, फिर क्या था शेख चिल्ली भी निकल पड़े क्रिकेट खेलने।
24 दिसम्बर की रात थी, ठंड अपने चरम पर थी मगर फिर भी लोगों को क्रिसमस सेलिब्रेट करने से नहीं रोक पा रही थी। लोगों का उत्साह देखते ही बनता था, बच्चों के लिए तो आज की रात एकदम अलग थी।