मज़ेदार कहानी : सपने में देखा खजाना
मज़ेदार कहानी:सपने में देखा खजाना - मुगल सिपहसालार शायस्त खाँ बड़ा बुद्धिमान था। उसे विज्ञान और कला से बड़ा प्रेम था। फुर्सत के क्षणों में वह कला और विज्ञान पर नई नई खोजें किया करता था।
मज़ेदार कहानी:सपने में देखा खजाना - मुगल सिपहसालार शायस्त खाँ बड़ा बुद्धिमान था। उसे विज्ञान और कला से बड़ा प्रेम था। फुर्सत के क्षणों में वह कला और विज्ञान पर नई नई खोजें किया करता था।
बाल कहानी : ठग व्यापारी का चाँदी का कुआँ :- बहुत दिन हुए, एक ठग व्यापारी का वेश बनाकर किसी गाँव में पहुँचा। उसने दिन भर इधर-उधर घूमकर समय बिताया। रात होने पर वह एक किसान के घर पहुंचा। वहाँ उसने अपने को राहगीर बता कर रात गुजारने के लिए जगह माँगी।
जल का महत्व | अमन एक बहुत ही प्यारा बच्चा था । वह अपने दादा जी से बहुत प्यार करता था । उनकी हर बात मानता था और उनका बहुत आदर भी करता था । अमन के दादा जी भी उससे बहुत प्यार करते थे । उसे हमेशा अच्छी बातें सीखाते रहते थे ।
स्वामी विवेकानन्द उन दिनों बालक ही थे। सत्य की खोज में वे घर से निकलकर नगर-नगर घूम रहे थे घूमते-घूमते वे काशी जा पहुँचे वहां मन्दिरों में घूमते हुए वे एक दिन नगर से बहुत दूर निकल गए यह यानि कुछ निर्जन और सुनसान सा था...पढ़ें
प्रेरक कहानी : साधू की सीख :- एक जंगल में एक विशाल नाग रहता था, वो बड़ा गुस्से वाला था और छोटी छोटी बात पर सबको काटने दौड़ता था। इस कारण जंगल के सारे पशु पक्षी उससे दूर रहते थे। एक दिन जब नाग नदी किनारे सो रहा था तो एक बन्दर के बच्चे ने शोर मचाकर उसकी नींद तोड़ दी। नाग की नींद टूट गई तो गुस्से में उसने बन्दर के बच्चे को पकड़ लिया। बन्दर जोर जोर से रोने लगा, तो बन्दर की मां ने नागराज से विनती की कि वो बच्चे को छोड़ दें, लेकिन गुस्से से भरा नाग तैयार नहीं हुआ।
लोटपोट की कहानी : कामचोरी और चालाकी- एक व्यापारी के अस्तबल में एक घोड़ा और एक गधा साथ रहते थे। व्यापारी रोज घोड़े पर सवार होकर अपनी दुकान पर जाता था लेकिन गधे की सवारी वो सिर्फ तब करता था जब उसे कोई भारी माल ढोकर शहर बेचने जाना पड़ता था।
LOTPOT के पिटारे से एक अच्छी कहानी : बचत का महत्व:- किसी शहर में माधव और राधे नाम के दो व्यापारी रहते थे। दोनों में गहरी मित्रता थी। दोनों का व्यापार अच्छा चल रहा था। दोनों में बहुत कुछ समानता थी।
शिक्षा देती एक सुन्दर कहानी : माली का सबक:- एक फलों का बगीचा था। उस बगीचे में एक पुराना आम का पेड़ था जिसमें एक तोता अपनी पत्नी और तीन बच्चों के साथ रहता था। बाग के माली को इनसे प्यार हो गया था
महाकवि कालिदास : हमें कैैसा बनना चाहिए? : कहानी राजा भोज के काल की है। उनके दरबार में एक से एक विद्वान दरबारी के रूप में आदर पाते थे। महाकवि कालिदास जैसे विद्वान और कुशल कवि उनके दरबार की शोभा बढ़ाते थे। एक बार की बात है। राजा भोज ने अपने विद्वान दरबारियों से एक प्रश्न किया। प्रश्न था हमें कैसा बनना चाहिए?